डॉ. आनंद चितलांगिया शिक्षक सम्मान-2026 से सम्मानित
रांची में श्री कृष्ण जन्माष्टमी महोत्सवपूर्वक मनाया गया
जलगाँव जिला माहेश्वरी सभा द्वारा 'प्रज्ञा गौरव समारोह-2026' का आयोजन
पंचांग और राशिफल

News View All List

डॉ. आनंद चितलांगिया शिक्षक सम्मान-2026 से सम्मानित
शिक्षक दिवस के अवसर पर स्कूली शिक्षा एवं साक्षरता विभाग, झारखंड सरकार की ओर से 5 सितंबर को झारखंड शैक्षिक अनुसंधान एवं प्रशिक्षण परिषद (जे.ई.आर.टी.), राँची द्वारा डॉ. आनंद चितलांगिया को 'शिक्षक सम्मान-2026Ó से सम्मानित किया गया। इस गौरवपूर्ण उपलब्धि पर श्री माहेश्वरी सभा, राँची की ओर से डॉ. आनंद चितलांगिया को हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएँ। सभा ने उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना करते हुए विश्वास व्यक्त किया कि वे इसी प्रकार शिक्षा के क्षेत्र में निरंतर अपनी सेवाएँ प्रदान करते हुए समाज और राष्ट्र का नाम रोशन करते रहेंगे।
07 September 2026
रांची में श्री कृष्ण जन्माष्टमी महोत्सवपूर्वक मनाया गया
रांची। श्री माहेश्वरी सभा, रांची के तत्वावधान में एवं श्री लक्ष्मीनारायण मंदिर समिति के संचालन में श्री लक्ष्मीनारायण मंदिर, गणेश नारायण साबू चौक, सेवा सदन पथ, रांची में शुक्रवार, 4 सितंबर को श्री कृष्ण जन्माष्टमी महोत्सव श्रद्धा, भक्ति और उल्लास के साथ मनाया गया। 'नंद के घर आनंद भयो, जय कन्हैया लाल की' के जयघोष से पूरा मंदिर परिसर कृष्णमय हो उठा।माहेश्वरी सभा, माहेश्वरी महिला समिति एवं माहेश्वरी युवा संगठन के सहयोग से आयोजित यह महोत्सव पिछले 52 वर्षों से मंदिर परिसर में निरंतर भक्तिभाव और उत्साह के साथ मनाया जा रहा है। इस अवसर पर शहर के बड़ी संख्या में श्रद्धालु सपरिवार मंदिर पहुंचे और भगवान श्रीकृष्ण के दर्शन कर पूजा-अर्चना की।महोत्सव का विशेष आकर्षण 6 माह से 5 वर्ष तक के बच्चों के लिए बाल कृष्ण स्वरूप प्रतियोगिता रही। इसमें बड़ी संख्या में नन्हे प्रतिभागियों ने बाल गोपाल के मनमोहक स्वरूप में भाग लिया। प्रतियोगिता में शामिल 135 बच्चों को पुरस्कृत किया गया। इसके साथ ही भगवान श्रीकृष्ण की बाल लीलाओं पर आधारित मनमोहक नृत्य-नाटिका की प्रस्तुति ने उपस्थित श्रद्धालुओं को भाव-विभोर कर दिया।रात्रि 9 बजे से अंकुर डागा, दिनेश काबरा, विभोर डागा, प्रथम काबरा, सर्वेश माहेश्वरी एवं मोहित सोमानी सहित अनेक भक्तों ने सुमधुर भजनों की प्रस्तुति दी। भक्ति गीतों और भजनों से मंदिर परिसर देर रात तक भक्तिरस में डूबा रहा।रात्रि ठीक 12 बजे घंटियों की गूंज, शंखनाद और जय कन्हैया लाल की के जयकारों के बीच लड्डू गोपाल का भव्य जन्मोत्सव मनाया गया। जन्मोत्सव के पश्चात महाआरती हुई। इसके बाद लगभग 800 श्रद्धालुओं के बीच मिठाई, फल, पंजीरी एवं माखन-मिश्री का प्रसाद वितरित किया गया।कार्यक्रम के सफल आयोजन में मुख्य संयोजक अंकुर डागा एवं श्याम बियानी तथा सह-संयोजक लक्ष्मी चितलांगिया, रितु लखोटिया एवं प्रथम भाला सहित अनेक सहयोगियों की महत्वपूर्ण भूमिका रही। आयोजन से पूर्व मंदिर परिसर को आकर्षक ढंग से सजाया गया तथा पूरे कार्यक्रम का सुव्यवस्थित संचालन किया गया।इस अवसर पर श्री माहेश्वरी सभा के अध्यक्ष मुकेश काबरा, सचिव मनोज कल्याणी, माहेश्वरी महिला समिति की अध्यक्षा विजयश्री साबू, सचिव विमला फालोर, माहेश्वरी युवा संगठन के अध्यक्ष उत्सव मंत्री, झारखंड-बिहार प्रदेश माहेश्वरी सभा के सचिव नरेंद्र लखोटिया, झारखंड-बिहार प्रदेश महिला संगठन की अध्यक्ष संगीता चितलांगिया सहित विभिन्न संगठनों के कार्यकारी मंडल सदस्य, समाज के अनेक गणमान्य सदस्य एवं शहर के धर्मप्रेमी बंधु उपस्थित रहे।
07 September 2026
जलगाँव जिला माहेश्वरी सभा द्वारा 'प्रज्ञा गौरव समारोह-2026' का आयोजन
जलगाँव। प्रतिनिधि मदन लाठी। जलगाँव जिला माहेश्वरी सभा की ओर से माहेश्वरी समाज के गुणवंत एवं मेधावी विद्यार्थियों की शैक्षणिक प्रतिभा को प्रोत्साहित करने के उद्देश्य से 'प्रज्ञा गौरव समारोह-2026' का आयोजन रविवार, 6 सितंबर को महेश प्रगति मंडल, महेश मार्ग, जलगाँव में उत्साहपूर्वक किया गया। समारोह में 130 मेधावी विद्यार्थियों के साथ उनके अभिभावकों का भी प्रशस्तिपत्र प्रदान कर सम्मान किया गया।कार्यक्रम का शुभारंभ महेश पूजन एवं महेश वंदना से हुआ। मनीषा झंवर एवं सायली झंवर ने महेश वंदना प्रस्तुत की। पुणे के अशोक नवाल समारोह के प्रमुख अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। कार्यक्रम का नियोजन प्रज्ञा गौरव समिति के प्रमुख प्रा. केशरलाल भदादे, सह-प्रकल्प प्रमुख दीपक कासट एवं संतोष झंवर ने किया। सूत्रसंचालन लक्ष्मीकांत लाहोटी एवं वैष्णवी झंवर ने किया, जबकि प्रास्ताविक प्रा. केशरलाल भदादे ने रखा।इस अवसर पर जलगाँव जिला माहेश्वरी सभा के 2026-29 कार्यकाल की रंगीन डायरेक्टरी का विमोचन प्रमुख अतिथि अशोक नवाल के हाथों किया गया। विद्यार्थियों ने अपने मनोगत के माध्यम से समारोह के प्रति भावनाएँ व्यक्त कीं।जिला अध्यक्ष तेजस देपुरा ने सभा की ओर से संचालित विभिन्न सामाजिक एवं रचनात्मक उपक्रमों की जानकारी देते हुए आगामी कार्यकाल में प्रस्तावित योजनाओं एवं समाजहित के कार्यों की रूपरेखा प्रस्तुत की। अतिथि परिचय दीपक कासट ने कराया।प्रमुख अतिथि अशोक नवाल ने विद्यार्थियों को शिक्षा के साथ गुणवत्ता, संस्कार और सकारात्मक सोच को जीवन में अपनाने का संदेश दिया। उन्होंने विद्यार्थियों को निरंतर मेहनत करते हुए अपने उज्ज्वल भविष्य के निर्माण की दिशा में आगे बढऩे के लिए प्रेरित किया।समारोह में महेश गौरव पुरस्कार-2026 प्राप्त करने पर सौ. शुभांगी दिनेश राठी का विशेष अभिनंदन किया गया। उन्होंने उपस्थित समाजबंधुओं से संवाद करते हुए अपने विचार साझा किए।इसके बाद समाज के 130 गुणवंत एवं मेधावी विद्यार्थियों तथा उनके अभिभावकों का प्रशस्तिपत्र प्रदान कर सम्मान किया गया। इस अवसर पर विद्यार्थियों की सफलता में अभिभावकों की भूमिका को महत्वपूर्ण बताते हुए उनके सहयोग एवं मार्गदर्शन के प्रति कृतज्ञता व्यक्त की गई।कार्यक्रम का आभार प्रदर्शन जिला सचिव अरुण लाहोटी ने किया। समारोह में मनीष झंवर, जिला महिला अध्यक्षा उषा कासट, जिला सचिव चंचल तापडिय़ा, सतीश चरखा, प्रा. संजय दहाड़, वासुदेव बेहेड़े, विजय झंवर, सुनील बाहेती, अरविंद दहाड़, दीपक सोमाणी, भूषण थेपड़े, योगेश कलंत्री, राजेंद्र काबरा, राजेश भराडिय़ा, विलास काबरा, मनोज मालू, डॉ. अशोक लढ़े, डॉ. विश्वनाथ सोमाणी, विलास करवा, शिवनारायण तोष्णीवाल, गुलाबचंद झंवर, गिरीश झंवर, हर्षल जाखेटे, विशाल मंत्री, प्रशांत बियाणी सहित बड़ी संख्या में समाजबंधु उपस्थित रहे।समारोह के पश्चात दोपहर में जलगाँव जिला माहेश्वरी सभा की सर्वसाधारण सभा आयोजित हुई। बैठक में जिला सभा द्वारा संचालित विभिन्न सामाजिक एवं रचनात्मक उपक्रमों की समीक्षा की गई। साथ ही आगामी कार्यकाल की योजनाओं एवं समाजहित में प्रस्तावित कार्यों पर विस्तृत चर्चा की गई। बैठक में जिला सभा के पदाधिकारी एवं सदस्य बड़ी संख्या में उपस्थित रहे।
05 September 2026
सूरत में ऊब छठ पर सुहागिनों ने रखा निर्जला व्रत, चंद्र दर्शन तक किया भजन-कीर्तन
सूरत। ऊब छठ, जिसे चंद्र छठ और चंदन छठ के नाम से भी जाना जाता है, कृष्ण पक्ष की षष्ठी तिथि को श्रद्धा और आस्था के साथ मनाया गया। इस अवसर पर सुहागिन महिलाओं ने पति की दीर्घायु, सुख-समृद्धि और परिवार की मंगलकामना के लिए निर्जला व्रत रखा। वहीं कुंवारी कन्याओं ने भी सुयोग्य वर की प्राप्ति की कामना से उपवास किया। ऊब छठ की अनूठी परंपरा के अनुसार महिलाएं सूर्यास्त से चंद्रमा के दर्शन होने तक बिना बैठे लगातार खड़े रहकर पूजा-अर्चना, भजन और कीर्तन करती हैं। लंबे समय तक खड़े रहकर व्रत करने की इसी परंपरा के कारण इसे 'ऊब छठÓ कहा जाता है। चंद्रमा के दर्शन के बाद विधि-विधान से पूजा कर व्रत का पारण किया गया।पौराणिक मान्यता के अनुसार इसी तिथि को भगवान श्रीकृष्ण के बड़े भाई भगवान बलराम का जन्म हुआ था। इस कारण कई क्षेत्रों में इस पर्व को हल षष्ठी के रूप में भी मनाया जाता है। श्रद्धालुओं ने पूजा-अर्चना कर परिवार की सुख-शांति, समृद्धि और मंगल की कामना की।सारथी हाईट्स सूरत से महेश पुंगलिया ने बताया कि ऊब छठ महिलाओं की आस्था, श्रद्धा और त्याग से जुड़ा महत्वपूर्ण पर्व है। महिलाएं पूरे उत्साह और भक्तिभाव के साथ निर्जला व्रत रखती हैं तथा चंद्र दर्शन तक पूजा-अर्चना और भजन-कीर्तन करती हैं। चंद्र दर्शन के साथ व्रत पूर्ण होने पर परिवार की सुख-शांति और समृद्धि की कामना की जाती है।

Article View All List

देश हित की बात — आपदा में प्रबंधन और सेवा-सहयोग : मधु भूतड़ा 'अक्षरा'
आपदा कभी चेतावनी देकर नहीं आती। भूकंप, बाढ़, भूस्खलन, चक्रवात, बादल फटना या किसी अन्य प्राकृतिक आपदा के सामने कुछ ही क्षणों में सामान्य जीवन अस्त-व्यस्त हो जाता है। ऐसे समय में सरकार की तैयारियों के साथ-साथ समाज की संवेदनशीलता, प्रशासन का समन्वय और नागरिकों की सेवा-भावना तीनों की परीक्षा होती है।भारत की पहचान केवल एक बड़े देश के रूप में नहीं, बल्कि “वसुधैव कुटुम्बकम्” की भावना को व्यवहार में उतारने वाले राष्ट्र के रूप में भी रही है। जब किसी दूसरे देश पर संकट आता है, भारत की सहायता की भावना सीमाओं तक सीमित नहीं रहती।अगस्त-सितंबर 2026 वर्तमान में नेपाल की भीषण बाढ़ के समय भी भारत ने मानवीय सहायता का हाथ बढ़ाते हुए राहत सामग्री, बचाव विशेषज्ञों और तकनीकी दलों को भेजकर पड़ोसी धर्म निभाया है।25 अप्रैल 2015 को नेपाल में 7.8 तीव्रता का विनाशकारी भूकंप आया। हजारों लोगों की जान गई और बड़ी संख्या में इमारतें तथा बुनियादी ढाँचा क्षतिग्रस्त हुआ। भारत ने बिना समय गंवाए “ऑपरेशन मैत्री” शुरू किया और राहत एवं बचाव दल नेपाल भेजे।राष्ट्रीय आपदा मोचन बल यानी NDRF की 16 विशेष खोज एवं बचाव की संवेदनशीलता का एक उल्लेखनीय उदाहरण यह भी रहा कि मलबे से मिले सोने के आभूषण और मुद्रा जैसी मूल्यवान वस्तुएँ सुरक्षित रखकर नेपाली अधिकारियों को सौंप दी गईं। आपदा के बीच भी ईमानदारी और मानवीय मूल्यों की यह मिसाल अपने आप में बहुत कुछ कहती है।यह केवल पड़ोसी की सहायता नहीं थी, यह उस भारतीय संस्कार की अभिव्यक्ति थी, जिसमें संकट में पड़े व्यक्ति की सहायता करना अपना कर्तव्य माना जाता है।भारत कभी भी आपदाओं में पीछे नहीं रहा, अनेकों देश इसको बखूबी जानते हैं। नेपाल, तुर्किये, सीरिया, श्रीलंका, म्यांमार, बांग्लादेश, फिजी, फिलीपींस, इंडोनेशिया, मोजाम्बिक, मालदीव, मॉरीशस, मेडागास्कर, पापुआ न्यू गिनी, कोमोरोस, सेशेल्स, कांगो गणराज्य, यमन, लीबिया, ग्वाटेमाला इत्यादि जैसे दूसरे देशों की सहायता करने वाला भारत अपने देशवासियों के संकट में भी लगातार मोर्चे पर खड़ा रहा है।अपने देश में भी उत्तराखंड की त्रासदी, चेन्नई की बाढ़, केरल की बाढ़ और वायनाड के भूस्खलन जैसी अनेक आपदाओं में NDRF, सेना, वायुसेना, स्थानीय प्रशासन और स्वयंसेवी संगठनों ने मिलकर हजारों लोगों की जान बचाई और प्रभावित परिवारों तक राहत पहुँचाई।इन उदाहरणों से स्पष्ट है कि आधुनिक भारत में आपदा प्रबंधन केवल राहत सामग्री पहुँचाने तक सीमित नहीं रहा। आज हमारे पास प्रशिक्षित बचाव बल, विशेष उपकरण, मेडिकल सहायता, खोजी श्वान दस्ते, नावें, पर्वतीय बचाव क्षमता और आपदा के अनुरूप प्रशिक्षित मानव संसाधन उपलब्ध हैं।आपदा के समय स्थानीय प्रशासन, पुलिस, सेना, NDRF, SDRF, चिकित्सा दल, स्वयंसेवी संस्थाएँ, सामाजिक संगठन और सामान्य नागरिक सभी की भूमिका महत्वपूर्ण होती है।दवा, भोजन, सुरक्षित स्थान और जीवन के लिए सहायता, उनके परिजनों को ढूँढने में मदद करना मानवता का फर्ज भारत यूँ तो सदैव निभाता रहा है।दुर्भाग्य से हर आपदा के समय लूटपाट, चोरी, जमाखोरी, राहत सामग्री की कालाबाजारी, फर्जी राहत माँग और अफवाह फैलाने जैसी घटनाएँ भी मानवता को शर्मसार कर देती हैं।जिस समय किसी का घर उजड़ चुका हो, परिवार बिछड़ चुका हो और जीवन बचाने के लिए संघर्ष चल रहा हो, उस समय किसी की मजबूरी का लाभ उठाना केवल कानून का उल्लंघन नहीं, बल्कि मानवीयता के विरुद्ध घिनौना कृत्य है।आपदा प्रबंधन अधिनियम में राहत के लिए रखी धनराशि या सामग्री के दुरुपयोग तथा फर्जी राहत दावों के लिए दंड का प्रावधान है। राहत कार्य में बाधा डालना और आपदा के संबंध में झूठी चेतावनी फैलाकर भय पैदा करना भी दंडनीय है।बचाव दलों के काम में बाधा न डालें।अनावश्यक भीड़ न लगाएँ।अफवाहों को आगे न बढ़ाएँ।राहत सामग्री केवल आवश्यकता के अनुसार लें।जरूरतमंद, बुजुर्ग, बच्चे, दिव्यांग और अकेले रह गए लोगों को प्राथमिकता दें।रक्तदान, भोजन, कपड़े और आवश्यक वस्तुओं का सहयोग अधिकृत संस्थाओं के माध्यम से करें।और सबसे महत्वपूर्ण है कि किसी की मजबूरी को अपने लाभ का अवसर न बनाएँ।आपदा में घर टूटते हैं, सड़कें और पुल भी, लेकिन उसी समय बनते हैं इंसानियत के पुल भी।आपदा की घड़ी में प्रशासन की तत्परता, बचाव दलों की बहादुरी, सामाजिक संस्थाओं की सक्रियता और नागरिकों की संवेदनशीलता, जब एक साथ आती है, तभी आपदा प्रबंधन प्रभावी बनता है।भारत ने संकट में अपने नागरिकों के साथ खड़े होकर और सीमाओं के पार भी सहायता का हाथ बढ़ाकर बार-बार यह सिद्ध किया है कि मानवता की कोई सीमा नहीं होती।भूकंप हो, बाढ़, भूस्खलन या चक्रवात, कुछ ही क्षणों में जीवन की पूरी व्यवस्था बदल जाती है। ऐसे समय में प्रशासन की तत्परता के साथ समाज की संवेदनशीलता और नागरिकों का सहयोग सबसे बड़ी ताकत बनता है।आपदा की घड़ी मानवता की भी परीक्षा होती है।"आपदा में जो हाथ बढ़ेवही सच्चा सहयोग हैदुख में जो साथ खड़ा रहेवही मानवता का योग हैटूटे घर फिर बन जाएँगेमिट जाएँगे घावसेवा और संवेदना से हीमजबूत होगा देश और समाज।"संकट की घड़ी में भारत ताकत है।देश हित की बात में अंत में यही याद रखना है कि किसी की पीड़ा मेंहमारा छोटा-सा सहयोग भीकिसी के जीवन की बड़ी उम्मीद बन सकता है।
04 September 2026
बदलाव का संकल्प - अखिल भारतवर्षीय माहेश्वरी महासभा चुनाव में 2014 लोकसभा चुनाव जैसी ऐतिहासिक बयार...- संजीव चाण्डक
अखिल भारतवर्षीय माहेश्वरी महासभा के 31वें सत्र के चुनाव आज ठीक उसी ऐतिहासिक मोड़ पर खड़े हैं, जैसे 2014 में देश के लोकसभा चुनाव थे। उस वक्त देश में व्याप्त अनियमितताओं, विसंगतियों और व्यवस्थागत कमियों के बीच सत्ता परिवर्तन की एक प्रचंड लहर चली थी, और गुजरात से आए एक मजबूत नेतृत्व ने पुराने ढर्रे को बड़ी शिकस्त दी थी। ठीक उसी तरह, महासभा के इस सामाजिक चुनावी महाकुंभ में भी इस बार गुजरात की पावन धरा से ही एक अत्यंत गरिमामयी, कर्मठ और भामाशाह व्यक्तित्व श्री त्रिभुवन काबरा जी का नाम सामने आया है। वे महासभा में व्याप्त विसंगतियों और संकीर्णताओं को जड़ से समाप्त करने का 'बदलाव संकल्प' लेकर चुनावी समर में उतरे हैं। देश के कोने-कोने में फैले जागरूक, प्रबुद्ध और परिपक्व माहेश्वरी समाज प्रतिनिधि आज उन्हें नेतृत्व सौंपने के लिए पूरी तरह आतुर हैं।आगामी 20 सितंबर को होने वाले इस चुनाव में भारी से भारी मतदान करें। 'सेवा पथ कर सेवा पथिक पैनल' के सभी राष्ट्रीय एवं आंचलिक प्रत्याशियों को प्रचंड मतों से विजयी बनाकर समाज के नव-निर्माण में अपनी आहुति दें।सनद रहे, यह चुनाव केवल सत्ता परिवर्तन का नहीं है, बल्कि यह चुनाव समाज को एक चमत्कारी विज़न देने, युवाओं के असीम उत्साह को पंख लगाने और विसंगतियों को सदैव के लिए समाप्त करने का ऐतिहासिक शंखनाद है।
31 August 2026
एक सवाल… जिसका जवाब माँ के पास नहीं था - भारती सुजीत बिहानी
तीज का त्योहार था।चारों ओर उत्सव का माहौल था। घर-आँगन में रौनक थी। कहीं मेहंदी की खुशबू थी, तो कहीं सुहाग के गीतों की मधुर आवाज़ सुनाई दे रही थी।राधिका सुबह से ही तीज की तैयारियों में लगी हुई थी। पूजा की थाली सजा चुकी थी। लाल चुनरी, मेहंदी और सुहाग की सारी चीज़ें करीने से रखी थीं।काम निपटाकर उसने अपनी बेटी को फोन लगाया।कुछ देर तक माँ-बेटी के बीच हँसी-मजाक और घर-परिवार की बातें होती रहीं। तभी अचानक बेटी की आवाज़ थोड़ी गंभीर हो गई।“मम्मा… एक बात पूछूँ?”राधिका मुस्कुराते हुए बोली,“हाँ बिटिया, पूछो।”“मम्मा… नाराज़ तो नहीं होगी?”“अरे नहीं, ऐसी क्या बात है? पूछो।”बेटी कुछ पल चुप रही, फिर बोली—“मम्मा, एक बात मेरी समझ में नहीं आती… पति की लंबी उम्र के लिए पत्नी ही व्रत क्यों करती है?”राधिका चुप हो गई।बेटी ने फिर पूछा—“क्या पत्नी को लंबी उम्र नहीं चाहिए?”राधिका के हाथ जैसे ठिठक गए।जिस पूजा की थाली वह अभी सजा रही थी, उसी पर उसकी नज़र टिक गई।बेटी बोलती रही—“मम्मा, बचपन से देखती आई हूँ कि तीज हो या करवा चौथ, पत्नी पति की लंबी उम्र की कामना करती है। निर्जल व्रत रखती है, पूजा करती है, दुआ माँगती है। इसमें गलत कुछ नहीं है… प्रेम से किया गया व्रत बहुत खूबसूरत भावना है।”“लेकिन अगर पति भी अपनी पत्नी के लिए उसी तरह व्रत रखे, उसकी लंबी उम्र और अच्छे स्वास्थ्य की कामना करे, तो क्या वह प्रेम और भी सुंदर नहीं होगा?”राधिका के पास कोई जवाब नहीं था।वह अपनी बेटी की बात सुन रही थी, मगर उसके मन में जैसे वर्षों पुराने कई दृश्य एक साथ घूमने लगे।उसे याद आया—उसकी माँ भी तीज का व्रत रखती थीं। दादी भी रखती थीं। उसने भी विवाह के बाद इसे परंपरा समझकर निभाना शुरू कर दिया था।कभी उसने यह सवाल खुद से पूछा ही नहीं था।उसने हमेशा यही माना था कि“पति की लंबी उम्र के लिए पत्नी का व्रत रखना ही तो तीज है।”लेकिन आज बेटी ने एक छोटा-सा सवाल पूछकर उसके सामने सोचने का एक नया दरवाज़ा खोल दिया था।राधिका ने धीरे से कहा—“बेटा… शायद परंपराएँ हमें बहुत कुछ सिखाती हैं, लेकिन कभी-कभी उनके पीछे छिपे भाव को नए समय की नज़र से समझना भी जरूरी होता है।”बेटी मुस्कुराई।“तो मम्मा, इस बार आप मेरे लिए एक और प्रार्थना करना।”“क्या?”“अपने लिए भी।”राधिका की आँखें नम हो गईं।“हाँ बिटिया… इस बार मैं अपने लिए भी प्रार्थना करूँगी।”बेटी ने हँसते हुए कहा—“और पापा से भी कहना कि आपकी लंबी उम्र के लिए वो भी कुछ माँगें।”दोनों हँस पड़ीं।फोन कट गया।राधिका कुछ देर तक वैसे ही बैठी रही।फिर उसने पूजा की थाली में एक दीपक जलाया और हाथ जोड़कर बोली—“हे माँ गौरी, मेरे सुहाग को सुखी और स्वस्थ रखना… और मुझे भी इतनी ही अच्छी सेहत, लंबी उम्र और खुशियाँ देना, ताकि हम दोनों जीवन की राह साथ-साथ पूरी कर सकें।”उस दिन राधिका ने तीज का व्रत रखा।लेकिन पहली बार उसे लगा कि व्रत केवल किसी एक की लंबी उम्र की कामना नहीं, बल्कि दो दिलों की एक-दूसरे के लिए मंगलकामना का नाम भी हो सकता है।परंपरा अपनी जगह थी…प्रेम अपनी जगह।और उस दिन राधिका ने अपनी बेटी के एक मासूम सवाल से यह सीख लिया था कि—रिश्ता तभी खूबसूरत होता है,जब दुआ दोनों के लिए हो,चिंता दोनों की हो,और जीवन की राह भी दोनों साथ चलें।बेटी का सवाल छोटा था,लेकिन उसने राधिका के मन मेंएक बहुत बड़ी सोच जगा दी थी।
31 August 2026
सातूड़ी तीज : भारतीय संस्कृति, सौभाग्य और पारिवारिक मूल्यों का पावन पर्व - ज्योति मूंदड़ा
भारतीय संस्कृति में पर्व और त्योहार केवल धार्मिक आस्था के प्रतीक ही नहीं, बल्कि हमारी समृद्ध परंपराओं, संस्कारों और सामाजिक एकता के संवाहक भी हैं। इन्हीं पावन पर्वों में सातूड़ी तीज का विशेष महत्व है। विशेष रूप से राजस्थान एवं मारवाड़ क्षेत्र में श्रद्धा और उत्साह के साथ मनाया जाने वाला यह पर्व महिलाओं के लिए आस्था, प्रेम, सौभाग्य और पारिवारिक खुशहाली का प्रतीक है।सातूड़ी तीज के अवसर पर महिलाएं अपने परिवार की सुख-समृद्धि तथा पति के उत्तम स्वास्थ्य और दीर्घायु की मंगलकामना करती हैं। इस दिन भगवान शिव एवं माता पार्वती की पूजा-अर्चना का विशेष महत्व माना जाता है। माता पार्वती का भगवान शिव के प्रति अटूट प्रेम, तपस्या और समर्पण भारतीय नारी शक्ति एवं आदर्श दांपत्य जीवन की प्रेरणा प्रदान करता है।इस पर्व से जुड़ी अनेक सुंदर पारिवारिक और सांस्कृतिक परंपराएं भी हैं। विवाहित बेटियों को मायके से सिंजारा भेजना, श्रृंगार सामग्री एवं पारंपरिक व्यंजनों का आदान-प्रदान करना तथा परिवार के सदस्यों के साथ उत्सव मनाना हमारे सामाजिक और पारिवारिक संबंधों को और अधिक मजबूत बनाता है। सातूड़ी तीज का पर्व आपसी प्रेम, स्नेह और अपनत्व की भावना को भी सुदृढ़ करता है।आज के आधुनिक और व्यस्त जीवन में हमारे पारंपरिक पर्व हमें अपनी जड़ों और संस्कारों से जुड़े रहने की प्रेरणा देते हैं। सातूड़ी तीज केवल एक धार्मिक अनुष्ठान नहीं है, बल्कि यह प्रेम, विश्वास, समर्पण, सौभाग्य और पारिवारिक एकता का सुंदर संदेश देने वाला पर्व है।आइए, इस पावन अवसर पर हम अपनी समृद्ध सांस्कृतिक विरासत को संजोने और नई पीढ़ी तक पहुंचाने का संकल्प लें तथा भगवान शिव एवं माता पार्वती से सभी के जीवन में सुख, शांति, समृद्धि और सौभाग्य की कामना करें।

Panchang View All List

पंचांग और राशिफल
 श्री गणेशाय नमः आज का पञ्चाङ्गदिनांक:- 7 सितंबर 2026वार :- सोमवारविक्रम संवत् :- 2083अयन:- दक्षिणायनऋतु :- शरदमास:- भाद्रपदपक्ष :- कृष्णतिथि :- एकादशी :- 05:07pm तक पश्चात:- द्वादशीनक्षत्र :- पुनर्वसु 06:14pm तक पश्चात:- पुष्ययोग :- व्यतिपातकरण :- बवसूर्यराशि :- सिंहचंद्रराशि :-  मिथुन :- 12:47pm तक पश्चात:- कर्कदिशाशूल  :- पूर्वसूर्योदय :- 06:05amसूर्यास्त :- 06:43pmराहुकाल का समय  7:35am से 09:20am तक अभिजित मुहूर्त :-11:55pm से 12:45pm तकब्रह्म मुहूर्त:-05:45am  से 06:28amआज व्रत एवं त्यौहार* एकादशी व्रतवार विशेषआज का वार :-   सोमवारअधिदेव :- जल* यदि कुंडली में चंद्रमा पीड़ित या कमजोर है तो सोमवार को मोती चांदी में धारण करना चाहिए, जब तक आप  मोती धारण नहीं  करते है तब तक आप चंद्रमा का मंत्र जाप कर सकते हैं । सफेद चंदन का तिलक लगा सकते हैं । खिरनी का जड़ धारण कर सकते हैं ।मंत्र :-* ।। ॐ श्रां श्रीं श्रौं सः चन्द्रमसे नमः ।।* यदि चंद्रमा फलादेश के हिसाब से किसी प्रकार की परेशानी दे रहा हो तो चंद्रमा का दान शिव मंदिर में  करना चाहिए ।दान :-* पूर्णिमा की रात्रि को खीर बनाकर छत पर चंद्रमा की रोशनी में रखें ( चलनी से ढक देना चाहिए ताकि कोई कीड़ा उसमें ना पड़े ) दूसरे दिन प्रातः उसको प्रसाद के रूप में ग्रहण करें ।उपाय :-* चंद्रमा किसी भी ग्रह को शत्रु दृष्टि से नहीं देखता है । बहुत कम ही देखा गया है कि चंद्रमा प्रबल होकर किसी प्रकार की परेशानी करे । परंतु फिर भी यदि ऐसा होता है तो चंद्रमा से संबंधित दान एवं उपाय करना चाहिए । दान :-* सफेद वस्त्र , दूध , चावल , शंख , मोती , सफेद चंदन , मिश्रीसोमवार को करणीय कार्य :-* सभी कार्यों के लिए शुभवार संज्ञा : -* सोमवार को चर संज्ञा दी गई हैघात वार :-* दी गई राशि राशि वालो के लिए वार अशुभ होता है इन वार में वह जातक यथासंभव यात्रा का त्याग करेंवार:-  सोमवारराशि :-  मिथुनअशुभ फल नाशक पदार्थ :-* अगर किसी जातक का चंद्रमा अशुभ हो तो वह जातक  दूध या खीर का सेवन अथवा  दान  कर सकता है जिससे की अशुभता नाश होगी।राशिफलमेष राशि :-आज कार्यक्षेत्र में अपने साहसिक निर्णयों से आप दबाव को कम कर सकते हैं। हालाँकि, आपको एकाग्रता बनाए रखने की आवश्यकता होगी। परिवार में किसी के साथ एक साधारण वार्तालाप भी एक नए पहलू को उजागर कर सकता है। रिश्तों में थोड़ी स्पष्टता के लिए यह सही समय है। मानसिक शांति को लेकर थोड़ी बेचैनी रह सकती है, जो दिन के अंत तक सुलझ जाएगी। स्वास्थ्य पर ध्यान दें, क्योंकि आज ऊर्जा थोड़ी कम हो सकती है।वृषभ राशि :-आज आपकी आर्थिक स्थिति में कुछ सुधार देखने को मिल सकता है, लेकिन खर्चों पर नियंत्रण रखें। कार्यक्षेत्र में आपको नई जिम्मेदारियाँ निभाने का अवसर मिलेगा, जिसमें धैर्य और सावधानी की आवश्यकता होगी। परिवार में किसी सदस्य के साथ छोटी सी असहमति को शांति से सुलझाना महत्वपूर्ण है। कार्य में थोड़ी रुकावटें आ सकती हैं, लेकिन आप जल्द ही इसे पार कर लेंगे। स्वास्थ्य को देखते हुए अतिरिक्त सावधानी बरतें, विशेषकर वित्तीय कार्यों में।मिथुन राशि :-आज कार्यक्षेत्र में किसी सहकर्मी के साथ बातचीत से नए अवसर खुल सकते हैं। सावधानी से सुनें और अपने विचार साझा करें। वित्तीय मामलों में थोड़ी सावधानी बरतें, विशेषकर जब कोई नया निवेश सामने आए। परिवार में किसी प्रियजन के साथ समय बिताना मन को शांति देगा। शाम तक, आप परिवार के साथ आनंददायक समय बिता सकते हैं। स्वास्थ्य के मामले में थोड़ी सुस्ती रहेगी, इसलिए व्यक्तिगत योजनाओं को सीमित रखें।कर्क राशि :-आज आर्थिक मोर्चे पर कुछ राहत मिल सकती है, लेकिन अनावश्यक खर्चों से बचें। कार्यक्षेत्र में आपको छोटी-छोटी चुनौतियों का सामना करना पड़ सकता है, लेकिन अपनी सूझबूझ से इन्हें पार कर लेंगे। परिवार के किसी सदस्य के साथ समय बिताना आपके रिश्ते को मजबूत बनाएगा। थोड़ा मानसिक तनाव हो सकता है, जिसे आप शाम तक कम कर सकते हैं। सेहत के लिहाज से गैर-जरूरी खर्चों से बचना जरूरी होगा।सिंह राशि :-आज वित्तीय मामलों में कुछ राहत मिल सकती है, लेकिन नई आर्थिक प्रतिबद्धताओं से बचें। कार्यक्षेत्र में कुछ दबाव महसूस हो सकता है, लेकिन धैर्य से काम लें। परिवार के किसी सदस्य के साथ समय बिताना आपके रिश्ते को बेहतर करेगा। दिन के अंत तक, पारिवारिक माहौल में सुधार हो सकता है। सेहत के दृष्टिकोण से नई आय प्रतिबद्धताओं से बचना महत्वपूर्ण होगा।कन्या राशि :-आज आपके कार्यक्षेत्र में कुछ सफलता मिल सकती है, जिससे आत्मविश्वास बढ़ेगा। वित्तीय मामलों में संतुलन बनाए रखें और सोच-समझकर निर्णय लें। परिवार के किसी सदस्य के साथ छोटी-मोटी असहमति हो सकती है, जिसे संभालना जरूरी होगा। शाम तक परिवार का माहौल बेहतर होगा। सेहत के मामले में कार्य की गति थोड़ी धीमी रह सकती है, इसलिए योजना बनाकर काम करें।तुला राशि :-आज यात्रा के लिए अनुकूल दिन है, इससे आपको नए अनुभव और लाभ मिल सकते हैं। कार्यक्षेत्र में भी कुछ नई संभावनाएँ खुल सकती हैं, जिनका फायदा उठाने से न चूकें। परिवार के साथ किसी कार्यक्रम में शामिल होकर खुशी प्राप्त कर सकते हैं। शाम तक पारिवारिक माहौल खुशनुमा रहेगा। सेहत के मामले में आज नए कार्यों से दूरी बनाए रखना सही होगा।वृश्चिक राशि :-आज आपके मानसिक शांति को लेकर कुछ तनाव हो सकता है, लेकिन ध्यान और प्रबंधन से इसे नियंत्रित किया जा सकता है। कार्यक्षेत्र में आपके धैर्य की परीक्षा हो सकती है, इसलिए सावधानी बरतें। परिवार में किसी के साथ छोटी-मोटी असहमति हो सकती है, जिसे शांति से सुलझाना जरूरी है। शाम तक, घर में माहौल बेहतर हो सकता है। सेहत के मामले में केवल अत्यावश्यक कार्यों पर ध्यान दें।धनु राशि :-आज परिवार के साथ समय बिताने से आपको मानसिक शांति मिलेगी। हालांकि, कुछ पारिवारिक मुद्दे हल करने में धैर्य रखना होगा। मानसिक शांति के लिए ध्यान और योग का सहारा लें। कार्यक्षेत्र में आपके प्रयासों की सराहना हो सकती है। शाम तक, आप परिवार के साथ सुखद समय बिता सकते हैं। स्वास्थ्य के दृष्टिकोण से रिश्तों में अतिरिक्त धैर्य की आवश्यकता होगी।मकर राशि :-आज आपकी शारीरिक ऊर्जा चरम पर रहेगी, जिससे आप सभी कार्य सुचारू रूप से कर पाएंगे। कार्यक्षेत्र में कुछ नई योजनाओं पर काम करने का मौका मिलेगा, जो आपके दीर्घकालिक लक्ष्यों के लिए फायदेमंद साबित हो सकता है। परिवार में किसी के साथ समय बिताने से संबंधों में मधुरता आएगी। शाम तक, आप परिवार के साथ अच्छा समय बिता सकते हैं। सेहत मजबूत रहेगी, जिससे दिनभर की चुनौतियों का सामना आसानी से कर सकेंगे।कुम्भ राशि :-आज शिक्षा के क्षेत्र में कुछ नया सीखने का अवसर मिल सकता है, जो आपके कौशल को बढ़ाएगा। कार्यक्षेत्र में कुछ तनाव महसूस हो सकता है, लेकिन आपका दूरदर्शी दृष्टिकोण इसे नियंत्रित करने में मदद करेगा। परिवार के किसी सदस्य के साथ समय बिताना आपके मन को शांति देगा। शाम तक, स्थिति बेहतर हो सकती है। सेहत को ध्यान में रखते हुए रचनात्मक कार्यों पर ध्यान केंद्रित रखें।मीन राशि :-आज परिवार में कोई मुद्दा सामने आ सकता है, जिसे संवेदनशीलता से संभालने की आवश्यकता है। शिक्षा के क्षेत्र में आपकी रुचि बढ़ेगी, और आप कुछ नया सीख सकते हैं। कार्यक्षेत्र में आपके प्रयासों की सराहना होगी। शाम तक, आप अपने लक्ष्यों की ओर एक कदम और बढ़ सकते हैं। स्वास्थ्य के मामले में घर के सबसे जरूरी काम पर ही ध्यान दें।*आज का विचार*जो हो रहा है जैसा हो रहा है सब भगवान की कृपा से ही हो रहा है
05 September 2026
पंचांग और राशिफल
*आज का पञ्चाङ्ग**दिनांक*:- 5 सितंबर 2026*वार* :- शनिवार*विक्रम संवत्* :- 2083*अयन*:- दक्षिणायन*ऋतु* :- शरद*मास*:- भाद्रपद*पक्ष* :- कृष्ण*तिथि*:- नवमी  9:55pm तक पश्चात:- दशमी*नक्षत्र* :- मृगशिरा 09:31 am तक पश्चात:- आर्द्रा*योग* :- वज्र*करण* :- सिद्धि*सूर्यराशि* :- सिंह*चंद्रराशि* :- वृषभ :- 10:18am तक:- मिथुन*दिशाशूल*  :- पूर्वसूर्योदय :- 06:05amसूर्यास्त :- 07:15pm*राहुकाल का समय*  09:15am से 10:55am तक *अभिजित मुहूर्त :-*12:15pm से 01:05pm तकआज व्रत एवं त्यौहार*वार विशेष*आज का वार :-   शनिवारअधिदेव :-  ब्रह्मामंत्र :-* ।। ॐ  प्रां  प्रीं  प्रौं  सः  शनये नमः ।।* यदि शनि फलादेश के हिसाब से किसी प्रकार की परेशानी दे रहा हो तो शनि का दान किसी वृद्ध मजदूर को शनिवार को करना चाहिए ।दान :-* काले वस्त्र , उरद , कला तिल , लोहे की सामग्री , जूते , काला छाता ।उपाय :-* शनिवार को संध्याकाल में पीपल के पेड़ के नीचे तेल का दीपक जलाएं, शिवलिंग पर काला तिल एवं जल चढ़ाएं तथा मोर पंख पूजा स्थान में रखें । शनिवार को रोटी काले कुत्ते या काली गाय या कौए को खिलाएं । शराब का सेवन ना करें ।शनिवार को करणीय कार्य :-* द्रव्य संग्रह, मकान का शिलान्यास, भूमि पूजन आदि स्थिर कार्य हेतु श्रेष्ठ है।वार संज्ञा :* दारुण व तीक्ष्ण संज्ञा दी गई है अर्थात् की शनिवार को कड़ा, कठोर माना गाय हैघात वार :-* दी गई राशि राशि वालो के लिए वार अशुभ होता है इन वार में वह जातक यथासंभव यात्रा का त्याग करेंवार:-  शनिवारराशि :-  सिंह, वृषअशुभ फल नाशक पदार्थ :-* उड़द अथवा तेल से बनी वस्तु या काले तिल* अगर किसी जातक के लिए  शनि अशुभ हो तो वह जातक  अथवा  दान व सेवन कर सकता है जिससे की अशुभता  नाश होगीराशिफल*राशिफल*मेष राशि :-आज ऐसा दिन है जब छोटी-छोटी कोशिशें बड़े काम आसान कर सकती हैं। सूर्य का मिथुन राशि में गोचर आपको लोगों से जुड़ने और अपनी बात साफ तरीके से रखने की ताकत देगा। आज किसी पुराने तरीके को छोड़कर नया तरीका अपनाने का मन बनेगा। नौकरी करने वालों को किसी जरूरी काम में अपनी क्षमता दिखाने का मौका मिलेगा। व्यापार करने वालों को बाजार की बदलती मांग पर नजर रखनी होगी। घर में कोई ऐसा काम पूरा होगा जो काफी समय से लंबित था। आज समय की कीमत समझकर चलेंगे तो फायदा मिलेगा। रात तक मन में संतोष रहेगा।वृषभ राशि :-आज आप अपने आसपास की छोटी-छोटी चीजों को बेहतर बनाने में लगे रह सकते हैं। गुरु का प्रभाव आपको स्थिरता देगा और जल्दबाजी से बचाएगा। नौकरी में कोई नया नियम या नई व्यवस्था आपके काम को आसान बना सकती है। व्यापारियों के लिए ग्राहकों का भरोसा सबसे बड़ी ताकत बनेगा। घर में किसी सदस्य के साथ मिलकर कोई योजना बनाई जा सकती है। आज दिखावे से दूर रहना आपके लिए लाभदायक रहेगा। आर्थिक मामलों में संतुलन बना रहेगा। शाम का समयमिथुन राशि :-आज आपके भीतर कुछ नया करने की इच्छा जाग सकती है। सूर्य आपकी राशि में रहकर आपके व्यक्तित्व को मजबूत बना रहा है। नौकरी में नई जिम्मेदारी मिलने की संभावना है। व्यापार में प्रचार और संपर्कों का लाभ मिलेगा। घर में कोई अच्छी चर्चा हो सकती है। दिनभर व्यस्तता रहेगी लेकिन उसका अच्छा परिणाम भी मिलेगा। किसी पुराने परिचित से मुलाकात हो सकती है। रात तक खुशी महसूस होगी।कर्क राशि :-आज आपका ध्यान घर और भविष्य दोनों पर रहेगा। गुरु आपकी राशि में रहकर आत्मविश्वास बढ़ा रहे हैं। नौकरी में धैर्य से काम करना फायदेमंद रहेगा। व्यापार में पुरानी मेहनत का असर दिखाई देगा। परिवार में कोई जिम्मेदारी आपके हिस्से में आ सकती है। आर्थिक मामलों में समझदारी दिखाना जरूरी होगा। स्वास्थ्य सामान्य रहेगा। शाम को राहत महसूस होगी।सिंह राशि :-आज आपका अंदाज लोगों को प्रभावित कर सकता है। चंद्रमा का प्रभाव सामाजिक दायरा बढ़ाएगा। नौकरी में आपके काम की चर्चा हो सकती है। व्यापार में नया अवसर अचानक सामने आ सकता है। परिवार में आपकी सलाह महत्वपूर्ण साबित होगी। खर्चों पर नियंत्रण रखना जरूरी रहेगा। किसी पुराने काम में सफलता मिलेगी। शाम का समय अच्छा बीतेगा।कन्या राशि :- आज आपको महसूस होगा कि व्यवस्थित जीवन कितना जरूरी है। बुध का प्रभाव आपकी समझ और निर्णय क्षमता बढ़ाएगा। नौकरी में आपकी मेहनत का लाभ मिलेगा। व्यापार में हिसाब-किताब मजबूत रखना फायदेमंद रहेगा। परिवार में सहयोग बना रहेगा। किसी जरूरी काम को पूरा करने का अवसर मिलेगा। स्वास्थ्य का ध्यान रखें। शाम को मन प्रसन्न रहेगा।तुला राशि :-आज का दिन लोगों से जुड़ने और नए अवसर पहचानने का रहेगा। चंद्रमा आपकी राशि में रहकर आकर्षण बढ़ाएगा। नौकरी में सहकर्मियों का सहयोग मिलेगा। व्यापार में नई साझेदारी की चर्चा हो सकती है। परिवार में अच्छा माहौल बना रहेगा। आर्थिक मामलों में संतुलन रहेगा। कोई पुराना तनाव खत्म हो सकता है। शाम को खुशी महसूस होगी।वृश्चिक राशि :-आज शांति से काम करना आपके लिए सबसे बड़ा हथियार साबित होगा। नौकरी में आपकी जिम्मेदारियां बढ़ सकती हैं। व्यापार में जल्दबाजी से बचना जरूरी होगा। परिवार में किसी जरूरी विषय पर चर्चा हो सकती है। आर्थिक मामलों में धैर्य रखना बेहतर रहेगा। स्वास्थ्य सामान्य रहेगा। कोई पुराना काम आगे बढ़ सकता है। शाम को आत्मविश्वास मजबूत होगा।धनु राशि :-आज मन में कुछ नया सीखने और आगे बढ़ने की इच्छा रहेगी। गुरु का प्रभाव सकारात्मक ऊर्जा देगा। नौकरी में नए अवसर मिल सकते हैं। व्यापार में दूर के संपर्क लाभ देंगे। परिवार का सहयोग बना रहेगा। किसी सामाजिक कार्यक्रम में शामिल हो सकते हैं। आर्थिक स्थिति अच्छी रहेगी। शाम को मन प्रसन्न रहेगा।मकर राशि :-आज आपको अपने समय की कीमत समझनी होगी। नौकरी में अनुशासन आपकी सबसे बड़ी ताकत बनेगा। व्यापार में पुराने अनुभव लाभ देंगे। परिवार में कोई जरूरी निर्णय लेना पड़ सकता है। आर्थिक मामलों में सावधानी रखें। स्वास्थ्य को नजरअंदाज न करें। दिन के दूसरे हिस्से में राहत मिलेगी। शाम को कोई अच्छी खबर मिल सकती है।कुम्भ राशि :- आज आपके नए विचार लोगों का ध्यान आकर्षित कर सकते हैं। चंद्रमा का प्रभाव आपको सामाजिक रूप से सक्रिय बनाएगा। नौकरी में आपकी अलग सोच लाभ देगी। व्यापार में नई योजना शुरू हो सकती है। परिवार का सहयोग मिलता रहेगा। आर्थिक स्थिति धीरे-धीरे बेहतर होगी। स्वास्थ्य सामान्य रहेगा। शाम का समय आनंददायक रहेगा।मीन राशि :-आज आपको अपनी गति से आगे बढ़ना चाहिए। गुरु का प्रभाव मानसिक मजबूती देगा। नौकरी में आपकी मेहनत का परिणाम मिल सकता है। व्यापार में नए रास्ते खुलेंगे। परिवार के साथ अच्छा समय बिताने का मौका मिलेगा। आर्थिक स्थिति बेहतर होगी। स्वास्थ्य सामान्य रहेगा लेकिन आराम भी जरूरी है। रात तक मन में संतोष बना रहेगा।मेरा और आपका सुविचार*आज को संभाल लेना ही भविष्य निर्माण करना है।
04 September 2026
पंचांग और राशिफल
*आज का पञ्चाङ्ग**दिनांक*:- 4 सितंबर 2026*वार* :- शुक्रवार*विक्रम संवत्* :- 2083*अयन*:- दक्षिणायन*ऋतु* :- सरद*मास*:- भाद्रपद*पक्ष* :- कृष्ण*तिथि* :- अष्टमी*नक्षत्र*: - रोहिणी 11:04pm तक पश्चात:- मृगशिरा*योग*:-  हर्षण*करण* :- कौलव*सूर्यराशि* :- सिंह*चंद्रराशि* :- वृषभ*दिशाशूल*  :- पश्चिमसूर्योदय :- 6:05amसूर्यास्त :- 06:39pm*राहुकाल का समय*  10:59pm से 12:45pm तक रहेगा*अभिजित मुहूर्त :-*12:29pm से 01:05pm तक*ब्रह्म मुहूर्त*:- 04:45am  से 05:28amआज व्रत एवं त्यौहार* जन्माष्टमी*वार विशेष*आज का वार :-  शुक्रवारअधिदेव :-  इन्द्र देव* फलादेश के हिसाब से शुक्र कमजोर हो तो हीरा या ओपल चांदी में शुक्रवार को धारण करना चाहिए  जब तक रत्न धारण नहीं कर सकते है तब तक शरपुंखा या गूलर की जड़ धारण कर सकते हैं । मंत्र जाप कर सकते हैं ।मंत्र :-* ।।ॐ  द्रां  द्रीं  द्रौं  सः  शुक्राय  नमः ।।* यदि फलादेश के हिसाब से  शुक्र ग्रह किसी प्रकार की परेशानी दे रहा हो तो इससे संबंधित दान किसी ब्राह्मण, पुरोहित, मंदिर या गुरु को करना चाहिए ।दान :-* चांदी , दूध , दही , घी , इत्र , चावल , मिश्री , सफेद मिठाई , सफेद चंदन , रेशमी सफेद वस्त्रउपाय :-* गाय को रोटी खिलाएं एवं गाय की सेवा करें , आटा एवं शक्कर चीटियों को डालें ।शुक्रवार को करणीय कार्य :-* नवीन वस्त्र एवं आभूषण को धारण करना, सोभाग्यवृधन कार्य करना, चलचित्र शूटिंग कार्य व यात्रा जाने हेतु श्रेष्ठ है।वार संज्ञा :* शुक्रवार को मृदु संज्ञा दी गई है अर्थात की शुक्र ग्रह एक कोमल व साज सजा वाला ग्रह है तो उसी के अनुरूप इस वार को कार्य किया जाता हैघात वार :-* दी गई राशि राशि वालो के लिए वार अशुभ होता है इन वार में वह जातक यथासंभव यात्रा का त्याग करेंवार:- शुक्रवारराशि :-  वृश्चिक, धनु, मीनअशुभ फल नाशक पदार्थ :-* अगर किसी जातक के लिए  शुक्रवारअशुभ हो तो वह जातक शुद्ध घी अथवा कच्चा दूध का दान व सेवन कर सकता है जिससे की अशुभता  नाश होगी*राशिफल*मेष राशि :-आज ऑफिस में किसी पुराने प्रोजेक्ट की फाइल दोबारा आपके पास आ सकती है और उसमें सुधार करना पड़ सकता है। नौकरी बदलने की सोच रहे हैं तो किसी परिचित से अवसर की जानकारी मिल सकती है। व्यापार में भुगतान अटकने की चिंता दूर होगी। घर में किसी जरूरी सामान की खरीदारी हो सकती है। खर्च बढ़ने से बजट प्रभावित होगा।वृषभ राशि :-आज बैंक, कागजी काम या किसी जरूरी दस्तावेज से जुड़ा काम पूरा हो सकता है। कार्यस्थल पर आपकी जिम्मेदारी बढ़ेगी और समय सीमा के भीतर काम पूरा करना जरूरी होगा। व्यापारियों को पुराने ग्राहक से दोबारा ऑर्डर मिल सकता है। घर में किसी बुजुर्ग की सलाह काम आएगी। वाहन चलाते समय जल्दबाजी से बचना आपके लिए बेहतर रहेगा।मिथुन राशि :-आज सुबह से काम की व्यस्तता अधिक रहेगी और एक साथ कई जिम्मेदारियां संभालनी पड़ सकती हैं। नौकरी में बॉस आपके काम की समीक्षा कर सकते हैं। व्यापार में छोटी रकम का लाभ मिल सकता है। किसी मित्र के माध्यम से उपयोगी संपर्क बनेगा। घर में बिजली, इलेक्ट्रॉनिक सामान या मरम्मत से जुड़ा खर्च सामने आ सकता है।कर्क राशि :-आज किसी पुराने परिचित से अचानक संपर्क हो सकता है, जिससे काम से जुड़ी उपयोगी जानकारी मिलेगी। नौकरी में आपकी पुरानी मेहनत का परिणाम सामने आएगा। व्यापार में माल की खरीदारी करते समय कीमतों की अच्छी तरह जांच करें। परिवार में किसी सदस्य के स्वास्थ्य या जरूरी काम को लेकर आपको समय देना पड़ सकता है। दोपहर बाद स्थिति अधिक व्यवस्थित होगी।सिंह राशि :-आज कार्यस्थल पर मीटिंग या बातचीत में आपकी बात को महत्व मिलेगा। किसी नए प्रोजेक्ट की जिम्मेदारी आपको सौंपी जा सकती है। व्यापारियों को बड़ी डील पर बातचीत आगे बढ़ाने का मौका मिलेगा, लेकिन अंतिम निर्णय सोचकर लें। घर में खर्च से जुड़ा कोई मुद्दा उठ सकता है। संपत्ति या वाहन संबंधी कागजों को ध्यान से पढ़कर ही हस्ताक्षर करें।कन्या राशि :-आज कोई रुका हुआ भुगतान मिलने की संभावना है, जिससे आर्थिक दबाव कुछ कम होगा। नौकरी में अतिरिक्त काम मिल सकता है, लेकिन इसका फायदा आगे चलकर दिखाई देगा। व्यापार में स्टॉक या सामान की कमी महसूस हो सकती है, इसलिए समय रहते व्यवस्था करें। परिवार में बच्चों की पढ़ाई से जुड़ा कोई महत्वपूर्ण निर्णय लेना पड़ सकता है। नींद पूरी रखें।तुला राशि :-आज नौकरी में किसी सहकर्मी की गलती का असर आपके काम पर पड़ सकता है, इसलिए जरूरी जानकारी खुद जांच लें। व्यापार में ग्राहक से बातचीत के दौरान पुरानी शर्तों पर फिर चर्चा हो सकती है। आर्थिक रूप से दिन सामान्य रहेगा। घर में किसी कार्यक्रम की तैयारी शुरू हो सकती है। दोपहर के बाद कोई महत्वपूर्ण फोन या संदेश आपके काम को आगे बढ़ाएगा।वृश्चिक राशि :-आज कार्यक्षेत्र में अचानक काम का दबाव बढ़ सकता है, लेकिन आप समय पर काम संभाल लेंगे। व्यापार में उधार पर सामान देने से पहले भुगतान की स्थिति जांच लें। किसी पुराने निवेश या बचत से जुड़ी जानकारी सामने आ सकती है। परिवार में संपत्ति या घर की व्यवस्था को लेकर चर्चा होगी। बाहर का खाना कम करें, पेट संबंधी परेशानी हो सकती है।धनु राशि :-आज यात्रा, मीटिंग या किसी दूसरे शहर से जुड़े काम की योजना बन सकती है। नौकरी में नई जिम्मेदारी मिलने के साथ काम का तरीका भी बदल सकता है। व्यापारियों को ऑनलाइन या नए माध्यम से ग्राहक मिल सकता है। आर्थिक लाभ के लिए दिन ठीक है, लेकिन बिना जांचे किसी योजना में पैसा न लगाएं। घर में किसी जरूरी खरीदारी पर खर्च होगा।मकर राशि :-आज किसी अधिकारी या अनुभवी व्यक्ति से हुई बातचीत आपके करियर के लिए महत्वपूर्ण साबित हो सकती है। नौकरी में पद या जिम्मेदारी से जुड़ी चर्चा आगे बढ़ेगी। व्यापार में पुराना ग्राहक फिर संपर्क कर सकता है। घर की मरम्मत, किराए या संपत्ति से जुड़ा खर्च सामने आ सकता है। किसी जरूरी काम के लिए बाहर जाना पड़ सकता है, समय का ध्यान रखें।कुम्भ राशि :-आज आपको काम करने का नया तरीका अपनाना पड़ सकता है। ऑफिस में तकनीकी समस्या या सिस्टम से जुड़ी परेशानी कुछ समय के लिए काम रोक सकती है। व्यापार में ऑनलाइन भुगतान और लेन-देन की जांच जरूर करें। किसी रिश्तेदार के घर से जरूरी सूचना मिल सकती है। आर्थिक स्थिति ठीक रहेगी, लेकिन अचानक आने वाले छोटे खर्चों के लिए अतिरिक्त राशि बचाकर रखें।मीन राशि :-आज किसी पुराने आवेदन, दस्तावेज या सरकारी काम से जुड़ी खबर मिल सकती है। नौकरी में रुका हुआ काम दोबारा शुरू होगा और आपकी भूमिका स्पष्ट होगी। व्यापार में छोटे लेकिन लगातार लाभ के योग हैं। घर में किसी सदस्य की जरूरत के लिए खर्च करना पड़ सकता है। शाम को भविष्य की योजना बनाने का अच्छा समय रहेगा। जल्दबाजी में वादा करने से बचें।*मेरा और आपका सुविचार*अपने धर्म और कर्म की चिंता करना ही सत्कर्म है
03 September 2026
पंचांग और राशिफल
*आज का पञ्चाङ्ग**दिनांक*:- 3 सितंबर 2026*वार* :- गुरुवार*विक्रम संवत्* :- 2083*अयन*:- दक्षिणायन *ऋतु* :- सरद *मास*:- भाद्रपद *पक्ष* :- कृष्ण *तिथि* :-  सप्तमी *नक्षत्र* :- कृतिका *योग*:- व्याघात *करण*:-  बव *सूर्यराशि* :- सिंह *चंद्रराशि* :-  मेष :- 07:23am *दिशाशूल*  :- दक्षिणसूर्योदय :- 06:05amसूर्यास्त :- 07:16pm*राहुकाल का समय*  2:20pm से 04:05pm तक रहेगा *अभिजित मुहूर्त :-* 12:15pm से 01:04pm तक *ब्रह्म मुहूर्त*:- 04:45am  से 05:28amआज व्रत एवं त्यौहार *वार विशेष* आज का वार :- गुरुवार अधिदेव :- भगवान विष्णु  और इंद्र * यदि जन्म कुंडली में फलादेश के हिसाब से गुरु ग्रह कमजोर हो तो पुखराज सोने या पीतल में गुरुवार को धारण करना चाहिए । जब तक आप पुखराज धारण नहीं कर सकते है तब तक आप केले की जड़ या हल्दी की गांठ धारण कर सकते हैं , हल्दि या केसर का तिलक लगाएं । हल्दी की माला से मंत्र जाप करें ।मंत्र :- * ।। ॐ  ग्रां  ग्रीं  ग्रौं  सः  गुरुवे  नमः ।।* यदि फलादेश के हिसाब से गुरु ग्रह किसी प्रकार की परेशानी दे रहा हो तो इससे संबंधित दान किसी ब्राह्मण, पुरोहित या गुरु को करना चाहिए ।दान :-* पीला वस्त्र , हल्दी , चने की दाल, धार्मिक पुस्तक , पिला फलउपाय :-* बुधवार को रात को चने की दाल भिगोकर रखें गुरुवार को प्रातः रोटी में चने दाल, हल्दी भर  गाय को खिलाएं । पीपल के पेड़ पर जल अर्पित करें । किसी सच्चे साधु , महात्मा या गुरु का अपमान नहीं करना चाहिए ।गुरुवार को करणीय कार्य :-* विद्या का प्रारंभ, वैवाहिक - कार्यक्रम, उच्चाधिकारियों से मिलना,  नवीन काव्य लेखन प्रारंभ करना, लेखन, प्रकाशन, धन - संग्रह आदि शुभ कार्य के लिए श्रेष्ठ है।वार संज्ञा :-* गुरुवार को लघु व सामान्य  संज्ञा दी गई है गुरुवार शुभ वार है।घात वार :-* दी गई राशि राशि वालो के लिए वार अशुभ होता है इन वार में वह जातक यथासंभव यात्रा का त्याग करेंवार:- गुरुवारराशि :- तुला, कुंभ अशुभ फल नाशक पदार्थ :-* गुरुवार अगर किसी जातक के लिए अशुभ हो तो वह जातक चने की दल का दान कर सकता है जिससे की अशुभता  नाश होगी*राशिफल*मेष राशि :-आज कार्यक्षेत्र में आपकी मेहनत का फल मिलने की संभावना है। ध्यान दें कि आपके प्रयास सही दिशा में हों। पारिवारिक जीवन में सद्भाव रहेगा, हालाँकि किसी पुराने मुद्दे पर चर्चा हो सकती है। दोपहर बाद किसी छोटी यात्रा की संभावना बन सकती है, जिससे नए अनुभव मिलेंगे। स्वास्थ्य के मामले में गति थोड़ी धीमी हो सकती है, इसलिए कार्यों को व्यवस्थित करें।वृषभ राशि :-आज यात्रा की संभावनाएं बनी हुई हैं, जो आपको नई दिशाओं में ले जा सकती हैं। अपने दस्तावेज और सामान सही से व्यवस्थित रखें। कार्यक्षेत्र में कुछ चुनौतियाँ आ सकती हैं, लेकिन धैर्य से काम लें। परिवार के साथ समय बिताने का अवसर मिलेगा, जिससे आपसी संबंधों में मजबूती आएगी। स्वास्थ्य को लेकर आपको किसी योजना में बदलाव करना पड़ सकता है।मिथुन राशि :-आज मानसिक शांति का अनुभव होगा, जिससे आप अपनी प्राथमिकताओं पर ध्यान केंद्रित कर सकेंगे। वित्तीय मामलों में आपको सतर्क रहना होगा, खासकर निवेश के मामलों में। परिवार में किसी सदस्य के साथ कोई महत्वपूर्ण बातचीत हो सकती है। स्वास्थ्य के मामले में आपको केवल आवश्यक मुद्दों पर ध्यान केंद्रित करना होगा।कर्क राशि :-आज परिवार के साथ कुछ खास पल बिताने का मौका मिलेगा, जो आपके रिश्तों को मजबूत करेगा। कार्यक्षेत्र में आपके प्रयासों की सराहना होगी, जिससे आत्मविश्वास में वृद्धि होगी। शाम के समय किसी छोटी यात्रा की योजना बन सकती है। स्वास्थ्य में ध्यान देने की आवश्यकता है, खासकर संबंधों में धैर्य रखने की।सिंह राशि :-आज आपकी सेहत में सुधार देखने को मिलेगा, जिससे आप अपने कार्य सुचारू रूप से कर सकेंगे। वित्तीय मामलों में कुछ रुकावटें आ सकती हैं, ध्यानपूर्वक निर्णय लें। परिवार में किसी विषय पर चर्चा हो सकती है, जो आवश्यक हो सकती है। यात्रा की संभावनाएं बन रही हैं, लेकिन प्लानिंग में सावधानी बरतें।कन्या राशि :-आज शिक्षा के क्षेत्र में आपके लिए नए अवसर खुल सकते हैं, जिनसे आपको प्रगति मिलेगी। वित्तीय मामलों में सावधानी से आगे बढ़ें, क्योंकि कुछ अनिश्चितताएं हो सकती हैं। परिवार के साथ कोई विशेष योजना बन सकती है, जो आपके संबंधों को गहरा करेगी। स्वास्थ्य के मामले में, रचनात्मक कार्यों में थोड़ी अधिक मेहनत की आवश्यकता हो सकती है।तुला राशि :-आज परिवार के साथ समय बिताने का अच्छा मौका मिलेगा, जो आपके संबंधों को मजबूत करेगा। कार्यक्षेत्र में आपके प्रयासों की सराहना होगी, जिससे आपको संतोष मिलेगा। यात्रा की योजना बन सकती है, लेकिन इसके लिए पहले से तैयारी कर लें। स्वास्थ्य में घरेलू कामों में अतिरिक्त प्रयास की आवश्यकता हो सकती है।वृश्चिक राशि :-आज कार्यक्षेत्र में कुछ अप्रत्याशित चुनौतियाँ आ सकती हैं, जिनके लिए तैयार रहें। यात्रा की योजना बन सकती है, जो आपके लिए लाभकारी रहेगी। पारिवारिक जीवन में संतुलन बनाए रखने के लिए आपको कुछ प्रयास करने पड़ सकते हैं। स्वास्थ्य के मामले में, कार्यों में अपेक्षा से अधिक मेहनत की आवश्यकता हो सकती है।धनु राशि :-आज वित्तीय मामलों में सकारात्मक प्रगति हो सकती है, जिससे आर्थिक स्थिति में सुधार होगा। मानसिक शांति बनाए रखने के लिए आपको ध्यान केंद्रित करना होगा। परिवार में किसी सदस्य से गहन चर्चा हो सकती है, जो महत्वपूर्ण होगी। स्वास्थ्य को ध्यान में रखते हुए, वित्तीय कार्यों को सावधानीपूर्वक संभालें।मकर राशि :-आज कार्यक्षेत्र में आपकी जिम्मेदारियों में वृद्धि हो सकती है, जिससे आपको व्यस्तता बनी रहेगी। परिवार के साथ कुछ योजनाएँ बना सकते हैं, जो आपके संबंधों में मजबूती लाएंगी। यात्रा की योजना बन सकती है, लेकिन उसमें धैर्य और सावधानी बरतें। स्वास्थ्य के मामले में, आत्म-निर्देशित कार्यों में अधिक धैर्य की आवश्यकता होगी।कुम्भ राशि :-आज वित्तीय मामलों में कुछ खास पहलुओं को ध्यान में रखना होगा, जिससे आप अपनी स्थिति को मजबूत बना सकें। परिवार के साथ कुछ तनावपूर्ण स्थितियाँ उभर सकती हैं, जिनके लिए समझदारी से काम लें। यात्रा की योजना बन सकती है, लेकिन उसे ध्यानपूर्वक प्रबंधित करें। स्वास्थ्य के मामले में खर्चों को नियंत्रित रखना जरूरी होगा।मीन राशि :- आज वित्तीय मामलों में आपकी स्थिति मजबूत रहेगी, जिससे आप आत्मविश्वास महसूस करेंगे। परिवार के साथ कोई योजना बन सकती है, जो आपके संबंधों को बढ़ाएगी। शैक्षणिक मोर्चे पर कुछ नई जानकारी आपके लिए फायदेमंद साबित हो सकती है। स्वास्थ्य के मामले में, आपको अधिक प्रयास की आवश्यकता हो सकती है।*मेरा और आपका सुविचार*अपने धर्म और कर्म की चिंता करना ही सत्कर्म है

Personality View All List

Cooking View All List

Copyrights © all rights reserved || Develop by : Deganahalchal