मकर संक्रांति पर माहेश्वरी सखी संगठन चितौडग़ढ़ द्वारा किया गया सेवा कार्य
दान पुण्य के महापर्व पर माहेश्वरी सखी संगठन चितौडग़ढ़ द्वारा कड़ाके की ठंड में ठिठुरते लोगों को कंबल व स्वेटर वितरित किए गए। मकर संक्रांति को शास्त्रों में तिल संक्रांति भी कहा गया है और इस दिन तिल के दान का खास महत्व बताया गया है तथा संगठन द्वारा गुरुकुल के बच्चों को तिल व गुड़ के लड्डू बाटकर संक्रांति के त्यौंहार में मुंह मीठा कराया। संगठन अध्यक्ष विनीता लढ्ढा ने गुरुकुल के बच्चों को बताया कि हर पतंग जानती है अंत में कचरे में जाना है लेकिन उसके पहले उसे आसमां छूकर दिखाना है। संगठन सचिव पिंकी व संगठन की अन्य सखियां माया, वंदना, सीमा, रितु, सोनू, लीला, अनु, मेघना, मधु अन्य साखियों ने बच्चों को कॉपियां, पेन व पतंग वितरित की तथा जिंदगी में सदैव आगे बढ़ाने के लिए प्रेरित किया तथा पतंग की तरह उडऩे, पेन की तरह निरंतर चलने और कॉपी की तरह अपने सपने सजाने का प्रयास करना बच्चों को बताया।
Latest News